16 जून हरिद्वार की पावन धरती पर चल रहे राष्ट्रीय जिला अध्यक्ष ने बदायूं के किसानों की जमीन को अधिग्रहण के नाम पर किसानों से जबर दस्ती छीनने का लगाया बदायूं प्रशाशन पर आरोप
बतादें कि जब से गंगा एस्प्रेस बना है बदायूं प्रशासन अदानी के लिए किसानों की जमीनों को जबरदस्ती अधिग्रहण कर रहा हैं
दूसरी प्रमुख समस्या उत्तर प्रदेश राज्य सहकारी ग्राम विकास बैंक लिमिटेड लखनऊ द्वारा किसानों से मूलधन के पांच गुनी रकम जबरदस्ती वसूल की जा रही है तथा पैसा ना देने पर उनकी पूरी भूमि से उन्हें वंचित किया जा रहा है इतना अत्याचार तो साहूकारों ने भी नहीं किया था जो आज सरकार कर रही है और सभी जनप्रतिनिधि चुपचाप तमाशा देख रहे हैं बदायूं में अधिकारी संगठन का ज्ञापन लेने भी नहीं आते आते भी है तो उस ज्ञापन को कूड़ेदान में फेंक दिया जाता है किसनो के मसीहा चौधरी राकेश टिकैत ने कहां बदायूं में अभी एक बड़े आंदोलन की जरूरत है उन्होंने कहा मैं किसानों की समस्याओं के समाधान हेतु सदैव तैयार रहा हूं और तैयार रहूंगा उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र का आदमी सबसे ज्यादा परेशान है यदि ऐसी ही स्थित रही तो वह दिन दूर नहीं जब किसानों की जमीन उद्योगपतियों के पास होगी जैसे किसान आज मक्का बाजरा सरसों 800 रु खरीद रहा है गेहूं भी 100रु किलो खरीदेगा यदि तुम्हे जमीन बचानी हे तो आंदोलन को तैयार रहना पड़ेगा
जय जवान जय किसान
जय टिकैत जय टिकैत परिवार