सहसवान। प्रथम स्वतंत्रता संग्राम 1857 के शहीदों और स्वतंत्रता सेनानियों की स्मृति में सहसवान के मोहल्ला काजी स्थित शान-ए-अवध खान बहादुर मीर मोहम्मद हसन साहब के पैतृक आवास पर “नमन (सलाम) 1857” श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान शहीद कप्तान मीर सैय्यद फिदा हुसैन साहब की दरगाह पर दीप प्रज्वलित कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
वक्ताओं ने बताया कि कप्तान मीर फिदा हुसैन अंग्रेजों के हमले में अपने साथियों सहित शहीद हुए थे, जबकि उनके साथ लड़ने वाले 19 देशभक्तों को अंग्रेजों ने फांसी व गोलियों से मौत के घाट उतार दिया था तथा कई अन्य साथियों को काला पानी की सजा दी गई थी।
कार्यक्रम में मीर मोहम्मद हसन के वंशज मीर मुशर्रफ अली एडवोकेट, ओमकार बक्काल के वंशज विधान माहेश्वरी और मौलवी विलायत हुसैन के वंशज फखरे आलम को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता विजय बाबू अग्रवाल ने की, जबकि मुख्य अतिथि तुषार कांत हिन्दुस्तानी रहे। इस अवसर पर विभिन्न सामाजिक व राजनीतिक संगठनों के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।