संभल। यूपी के जनपद सम्भल में हयात नगर थाना क्षेत्र के ग्राम रसूलपुर में सरकार द्वारा गरीबो को भले ही प्रदेश से लेकर देश भर के गरीबों को सर छुपाने के लिए पीएम आवास योजना के तहत आवास दिए गए है,बावजूद

इसके आज भी काफी गरीब असहाय लोग आज भी गाँव देहात में आवास योजना का लाभ मिलने की उम्मीद में बैठे हुए है,लेकिंन इनकी किस्मत है कि सर्वे करने

वाली टीम को इनके झोपड़ पट्टी में महल नज़र आते है और कुछ ऐसे आवेदक जिनके पास सर छुपाने के लिए बना पक्का भवन भी होता है वो पात्र दिखाई देने लगता

है,क्योंकि उनके पास किसी राजनेता अधिकारी या फिर पैसे की पकड़ होती है जिसके कारण उनको आवास योजना का लाभ भी मिल जाता है,लेकिन जो गाँव देहात

में वास्तव में कच्ची मिट्टी की दीवारों पर पन्नी या फिर लकड़ी के बॉस पर खप ड़ैल डाल कर गुजर बसर कर रहे है उनको पीएम आवास योजना से दूर रखा जाता है,ऐसा

ही एक मामला सम्भल जनपद के ब्लाक पंवासा के हयात नगर थाना क्षेत्र के ग्राम रसूलपुर से सामने आया है जहां बेसहारा विधवा यासमीन बीते दस साल से अपने

छोटे बच्चों के साथ चारो ओर दीवार की जगह जुगाड़ कर बॉस से टीन लगा कर जैसे तैसे गुज़र बसर कर रही है,छत की जगह मागे तागे की पन्नी डाल सर छुपा रही है

लेकिन बरसात के समय गरीब की मानो तो बरसात के पानी उसके सर पर इस तरह बरसता है जैसे कि वह सड़क पर बैठी हो,लेकिन बेसहारा विधवा की परेशानी

राजनीतिक लोगो को भी दिखाई नही देती ओर दिखाई दे भी तो क्यो आखिर उसके पास एक ही तो वोट है बच्चे इतने बड़े नही जो वोट बने दूसरा वोट पति के मरते ही खत्म हो गया,लेकिन फिर भी विधवा सरकारी योजनाओं

का लाभ पाने के लिए गाँव में आने वाले सरकारी अधिकारियों से मिलने वाली योजनाओं की उम्मीद लगाए बैठी रहती है,ऐसा भी नही है उसके दर तक सर्वे करने वाली टीम न पहुँची हो लेकिन इस सब के बावजूद भी विधवा को सरकारी लाभ नही मिला है।

सम्भल से खलील मलिक कि ख़ास रिपोर्ट

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