
गैस एजेंसी का निरीक्षण करते जिलाधिकारी अविनाश सिंह..
बरेली: गैस एजेंसियों पर प्रशासन की सख्ती, कालाबाजारी और ओवर रेटिंग रोकने को औचक निरीक्षण
बरेली। प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath के निर्देशों के क्रम में जनपद में एलपीजी गैस की कालाबाजारी और ओवर रेटिंग पर रोक लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। इसी क्रम में जिलाधिकारी Avinash Singh के नेतृत्व में गैस एजेंसियों का औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरान अपर जिलाधिकारी संतोष कुमार सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी तथा अन्य प्रशासनिक अधिकारियों की टीम भी मौजूद रही।

गैस एजेंसी का निरीक्षण करते जिलाधिकारी अविनाश सिंह..
निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक टीम ने शहर की कई प्रमुख गैस एजेंसियों और उनके गोदामों की जांच की। जिन एजेंसियों का निरीक्षण किया गया उनमें मै० लता इंडियन गैस (पीलीभीत बाईपास), मै० मलका इंडियन गैस सर्विस (श्यामतगंज) और मै० रुहेलखंड इंडेन गैस (हार्टमैन रोड) शामिल हैं।
अधिकारियों ने गैस एजेंसियों के कार्यालयों के साथ-साथ उनके गोदामों का भी निरीक्षण किया। गोदामों में मौजूद गैस सिलेंडरों के भौतिक स्टॉक का मिलान एजेंसी के ऑनलाइन स्टॉक स्टेटस से कराया गया। सत्यापन के दौरान सभी एजेंसियों का स्टॉक रिकॉर्ड के अनुसार सही पाया गया।

गैस एजेंसी का निरीक्षण करते अपर जिलाधिकारी संतोष कुमार सिंह
हालांकि निरीक्षण के दौरान लता इंडेन गैस एजेंसी के गोदाम में स्टॉक रजिस्टर अपडेट नहीं मिला। इस अनियमितता को गंभीरता से लेते हुए संबंधित एजेंसी स्वामी को नोटिस जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अन्य एजेंसियों में मौके पर किसी प्रकार की अनियमितता नहीं पाई गई।

गैस एजेंसी गोदाम का निरीक्षण करते जिला पूर्ति अधिकारी मनीष सिंह
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने एजेंसी मालिकों और मैनेजरों को सख्त निर्देश दिए कि उपभोक्ताओं के बीच गैस की उपलब्धता को लेकर किसी प्रकार की भ्रांति न फैलने दी जाए। गैस सिलेंडर की बुकिंग मिलने पर जल्द से जल्द उपभोक्ताओं को उनके घर तक रिफिल सिलेंडर की डिलीवरी सुनिश्चित की जाए।

प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि किसी भी गैस एजेंसी के खिलाफ ओवर रेटिंग या कालाबाजारी की शिकायत मिलती है तो संबंधित एजेंसी के खिलाफ कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

इस दौरान तहसीलदार सदर, नायब तहसीलदार, एसडीएम सदर सहित कई प्रशासनिक अधिकारी भी टीम के साथ मौजूद रहे और गैस एजेंसियों की व्यवस्था का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। प्रशासन ने कहा कि उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए आगे भी समय-समय पर ऐसे औचक निरीक्षण किए जाते रहेंगे..