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भिवाड़ी के तहसील टपूकड़ा में सीए ऑफिस पर हमला, थाने पर व्यापारियों का फूटा गुस्सा।

भिवाड़ी क्षेत्र के टपूकड़ा कस्बे में शुक्रवार शाम एक सनसनीखेज वारदात सामने आई। करीब शाम 7:40 बजे चार्टर्ड अकाउंटेंट भुनेश अग्रवाल के कार्यालय में दिल्ली से आए दो युवक—समीर अली और मुबीन

मलिक—ने घुसकर मारपीट की। आरोप है कि हमलावरों ने न केवल अग्रवाल को जान से मारने की धमकी दी बल्कि उनके दो मोबाइल भी छीन लिए। यही नहीं, उन्होंने लैपटॉप छीनने की कोशिश करते हुए कहा कि यदि अग्रवाल दिल्ली आकर उनकी शर्तों पर समझौता नहीं करेंगे तो उन्हें मौत के घाट उतार दिया जाएगा।

पीड़ित का कहना है कि घटना के समय मौके पर मौजूद दिल्ली पुलिस के हेड कॉन्स्टेबल और सब-इंस्पेक्टर सुदांशु सिंह ने हमलावरों को रोकने की बजाय खुद बदसलूकी की और उन्हें संरक्षण दिया। इस गंभीर आरोप ने मामले को और भी पेचीदा बना दिया है।

घटना की सूचना फैलते ही कस्बे में तनाव का माहौल बन गया। रात करीब 10 बजे बड़ी संख्या में व्यापारी थाने पहुंचे और जमकर हंगामा किया। व्यापारियों ने सीए पर हुए हमले को व्यवसायिक समुदाय पर सीधा हमला बताया और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। स्थिति को संभालने के लिए डीएसपी तिजारा शिवराज सिंह खुद मौके पर पहुंचे और व्यापारियों को शांत कराया।

पीड़ित भुनेश अग्रवाल ने थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराते हुए परिवार की सुरक्षा और निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सीसीटीवी फुटेज में पूरी वारदात कैद है और इसे सबूत के तौर पर शामिल करने की अपील की है।

इस मामले पर टपूकड़ा थानाधिकारी राजीव शर्मा ने बताया कि दिल्ली पुलिस किसी फ्रॉड प्रकरण की पूछताछ के लिए अग्रवाल के पास आई थी। इसी दौरान विवाद बढ़ गया और मारपीट की नौबत आ गई। फिलहाल अग्रवाल की शिकायत पर चारों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।

यह घटना केवल एक सीए के दफ्तर पर हमला नहीं, बल्कि कानून व्यवस्था और पुलिस की भूमिका पर गहरे सवाल खड़े करती है। व्यापारी वर्ग का कहना है कि यदि दोषियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन की राह अपनाई जाएगी।

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